आरएडी ने किया अनुमंडलीय अस्पताल का निरीक्षण, व्यवस्था देख हुईं नाराज

फोटो – जांच करती आरएडी साथ में उपाधीक्षक

रिपोर्ट;ब्यूरो राम विलास,नालंदा।
राजगीर;-क्षेत्रीय सहायक निदेशक डा विभा कुमारी सिंह द्वारा राजगीर के अनुमंडलीय अस्पताल का निरीक्षण गुरुवार को किया गया।निरीक्षण के दौरान अस्पताल की व्यवस्था देखकर वह काफी नाराज हुई।इस दौरान उनके द्वारा अनेकों गड़बड़ियां पकड़ी गयी।उन गड़बड़ियों को लेकर संबंधित कर्मियों को काफी लताड़ा गया।पंजी संधारण अद्यतन रखने, कार्यशैली में परिवर्तन करने, गड़बड़ियों में शीघ्र सुधार करने और भविष्य में ऐसी गड़बड़ी न करने की उनके द्वारा कड़ी हिदायत दी गयी।

अस्पताल में प्रवेश करते ही आरएडी डा सिंह द्वारा टोका टोकी शुरू कर दिया गया था।अस्पताल की सफाई व्यवस्था से वह काफी नाराज हुईं।अस्पताल के उपाधीक्षक चेंबर में रोशनी की व्यवस्था नहीं होने पर वह भड़क गयीं।गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने उपाधीक्षक से कहा कि आप अंधेरे में कैसे काम करते हैं।उन्होंने अविलंब उपाधीक्षक चैम्बर में लाइट लगाने का आदेश दिया।इसी प्रकार ममता को महीनों से सैलरी नहीं मिलने से भी वह काफी नाराज हुईं। उन्होंने कहा की ममता को नियमित भुगतान नहीं होना व्यवस्था दोष और लापरवाही है।

जांच के दौरान उन्हें बताया गया कि ममता की अबसेंटी नहीं देने के कारण भुगतान में अनावश्यक बिलंब हुआ है।डॉ सिंह ने इस लापरवाही को लेकर संबंधित पदाधिकारियों को जमकर क्लास लिया।उन्होंने कहा आप लोग खुद तो वेतन नियमित लेते है।लेकिन गरीबों को अबसेंटी नहीं देने के कारण वेतन का भुगतान नहीं करते हैं।उन्होंने अविलंब अबसेंटी मंगाकर ममता को बकाए वेतन भुगतान का निर्देश दिया।उन्होंने कहा कि दोषी पदाधिकारी और कर्मी बख्से नहीं जायेंगे।

क्षेत्रीय सहायक निदेशक को अस्पताल में इस वर्ष नॉर्मल डिलीवरी का रिपोर्ट 1035 बताया गया।लेकिन सिजेरियन ऑपरेशन का आंकड़ा उपलब्ध नहीं कराने से वह नाराज हो गयीं।जब उन्हें बताया गया कि मूर्छक चिकित्सक नहीं रहने के कारण सिजेरियन ऑपरेशन फरवरी से बंद है।तब वह चुप हो गई।इसी तरह स्थापना, लेखा, टीकाकरण, कोरोना टेस्ट आरटीपीसीआर, रैपिड एंटीजन टेस्ट, कोरोना वैक्सीनेशन 45 प्लस और 18 प्लस के पहले और दूसरे डोज की विस्तृत जानकारी क्षेत्रीय सहायक निदेशक द्वारा लिया गया।

आरएडी की डांट से रजनीश नामक एक कर्मी बेहोश होकर गिर पड़ा।हुआ यह कि डा सिंह ने कुछ आंकड़े की जानकारी मांगी।संबंधित कर्मी उसी समय मोबाइल से आंकड़े निकालकर दिखाने लगा।कर्मी की इस कार्य शैली से वह आगबबूला हो गयीं।उनकी नाराजगी झेलने के दौरान वह मूर्छित होकर फर्स पर गिर पड़ा।वहाँ मौजूद लोगों ने कर्मी को संभाल अस्पताल के उपाधीक्षक डा बिपिन कुमार ने कहा कि इस अस्पताल में मैन पावर की भारी कमी है।सीमित संसाधन और कई महत्वपूर्ण पद रिक्त रहने के बाबजूद अस्पताल का संचालन किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि आरएडी आते ही एग्रेसिव हो गई।इतनी अच्छी सफाई व्यवस्था के बाद भी उन्हें बदबू आ रही थी।वह नाक ढंकने के लिए रुमाल मांगने लगीं।

Comments are closed.