5 लाख तक की आय को टैक्स फ्री : पीयूष गोयल


ऋषी तिवारी
नई दिल्ली | पीयूष गोयल ने अपने अंतरिम बजट में हर वर्ग का खास ख्याल रखा। उन्होंने मिडिल क्लास को बंपर राहत दी जबकि किसानों का भी विशेष ख्याल रखा। मजदूरों को मासिक पेंशन देकर उन्होंने उनका सम्मान किया। गोयल ने 5 लाख तक की आय को टैक्सफ्री कर दिया
नरेंद्र मोदी सरकार ने नौकरीपेशा लोगों को बजट में बड़ा तोहफा दिया है। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने बजट पेश करते हुए आयकर छूट की सीमा तो नहीं बढ़ाई लेकिन 5 लाख रुपए तक की सालाना आय वालों को टैक्स नहीं देना होगा। वित्त मंत्री ने कहा कि अब पांच लाख रुपए तक की आय पर किसकी तरह का कोई टैक्स नहीं लगेगा।इसके साथ ही निवेश करने पर 6.5 लाख रुपए तक कोई टैक्स नहीं देना होगा। तीन करोड़ मध्य वर्ग के लोगों को इससे फायदा मिलेगा। एलन करते ही लोकसभा में मोदी-मोदी के नारे लगे। बता दें, आयकर छूट की सीमा बढ़ाने की मांग कई बार से की जा रही थी। लेकिन इस साल लोकसभा चुनाव होने की वजह से आयकर सीमा में छूट बढ़ाने की उम्मीद की जा रही थी। इसके अलावा 40 हजार तक के बैंक ब्याज पर टीडीएस नहीं कटेगा। पहले यह सीमा 10 हजार रुपए तक की थी। आयकर छूट की सीमा बढ़ाने के ऐलान के बाद सेंसेक्स में उछाला आया है।पहले यह सीमा ढाई लाख रुपये थी।

अंतरिम बजट 2019-20 की मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं : कर संबंधी :

1. दो सालों के भीतर कर निर्धारण इलेक्ट्रॉनिक रूप से किया जाएगा।

2. आईटी रिटर्न्‍स केवल 24 घंटों में प्रोसेस किया जाएगा।

3. केंद्र सरकार राज्यों को जीएसटी (वस्तु एवं सेवा कर) का न्यूनतम 14 फीसदी राजस्व देगी।

4. 36 पूंजीगत वस्तुओं पर से सीमा शुल्क हटा।

5. जीएसटी परिषद ने घर खरीदारों के लिए जीएसटी दर घटाने की सिफारिश की।

6. सभी कटौतियों के बाद पांच लाख रुपये तक की सालाना आय पर पूर्ण कर छूट

7. मानक कटौती 40,000 रुपये से बढ़ाकर 50,000 रुपये की गई।

8. खुद रहने पर दूसरे घर पर भी कर छूट मिलेगी।

9. आयकर की धारा 194ए के तहत टीडीएस की सीलिंग सीमा महिलाओं के लिए 10,000 रुपये से बढ़ाकर 40,000 रुपये की गई।

10. आयकर की धारा 194आई के तहत टीडीएस की सीलिंग सीमा 1,80,000 रुपये से बढ़ाकर 2,40,000 रुपये की गई।

11. आयकर की धारा 54 के तहत पूंजीगत कर लाभ ेको एक रिहाइशी आवास में निवेश से बढ़ाकर दो रिहाइशी आवासों के लिए कर दिया गया है।

12. आयकर की धारा 80आईबी को अतिरिक्त एक साल के लिए 2020 तक बढ़ा दिया गया है।

13. बिना बिकी इंवेट्री के लाभ को एक साल से बढ़ाकर दो साल कर दिया गया है।

अन्य क्षेत्रों में :

14. राज्यों की हिस्सेदारी बढ़ाकर 42 फीसदी की गई।

15. तीन प्रमुख बैंक पीसीए फ्रेमवर्क से बाहर।

16. 10 फीसदी आरक्षण देने के लिए सीटों में दो साल का इजाफा किया जाएगा।

17. मनरेगा के लिए 60,000 करोड़ रुपये का आवंटन।

18. सभी के लिए भोजन मुहैया कराने के लिए 1.7 लाख करोड़ रुपये का आवंटन।

19. हरियाणा में 22वां एम्स खोला जाएगा।

20. प्रधानमंत्री किसान योजना को मंजूरी।

21. दो हेक्टेयर तक जमीन वाले हर किसान को 6,000 रुपये सालाना दिए जाएंगे, जो सितंबर 2018 से लागू होगा। रकम तीन किश्तों में हस्तांतरित की जाएगी।

22. गायों के लिए राष्ट्रीय ‘कामधेनु आयोग का गठन, राष्ट्रीय गोकुल मिशन के लिए 750 करोड़ रुपये दिए।

23. पशुपालन करने वाले किसानों को दो फीसदी का ब्याज सब्सिडी। मत्स्य पालन के लिए अलग विभाग का गठन।

24. प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित किसानों के लिए दो फीसदी ब्याज सब्सिडी और समय पर भुगतान करने पर अतिरिक्त तीन फीसदी सब्सिडी।

25. मुफ्त ग्रेच्युटी की सीमा 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 20 लाख रुपये की गई।

26. 21,000 रुपये मासिक कमाने वाले कामगारों को बोनस की सुविधा।

27. असंगठित क्षेत्र के कामगारों को 100 रुपये मासिक योगदान से 60 साल की उम्र के बाद 3,000 रुपये प्रतिमाह का पेंशन प्रदान किया जाएगा।

28. सरकार ने उज्जवला योजना के तहत छह करोड़ मुफ्त गैस कनेक्शन जारी किए।

29. जीएसटी के तहत पंजीकृत एमएसएमई को दो फीसदी ब्याज सब्सिडी।

30. महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए 26 हफ्तों का मातृत्व अवकाश।

31. रक्षा के लिए तीन लाख करोड़ रुपये से अधिक का आवंटन।

32. अगले पांच सालों में एक लाख गांव डिजिटल बनेंगे।

33. भारतीय फिल्मकारों को मंजूरी के लिए एकल खिड़की मुहैया कराई जाएगी।

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