पहले मोरल साइंस की पढ़ाई हाेती थी, आज मोरल गायब है, बस! साइंस ही बचा है :-उपराष्ट्रपति नायडू


राम नरेश ठाकुर, ब्यूरो
पटना। उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने कहा है कि देश को नई शिक्षा नीति की जरूरत है और जो अपनी परंपरा और गौरवशाली अतीत से सम्बद्ध हो। शिक्षा की बदौलत हम कभी विश्वगुरु थे तो इसके पीछे हमारी उन्नत संस्कृति और सभ्यता थी और आज हमारे अंदर यह क्षमता है कि हम फिर से विश्वगुरु बन सकते हैं। पहले मोरल साइंस विषय की पढ़ाई होती थी। आज साइंस तो है लेकिन मोरल खत्म कर दिया है।नायडू पटना हाईस्कूल के 100 साल पूरा होने पर आयोजित समारोह को संबोधित किया और उपराष्ट्रपति रविवार को पटना में तीन अलग-अलग कार्यक्रमों में शामिल भी हुए।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक बार फिर पटना विवि काे केंद्रीय विवि का दर्जा देने की मांग की और पटना विवि लाइब्रेरी के 100 साल पूरे हाेने के अवसर पर सीएम ने उपराष्ट्रपति नायडू के सामने यह मांग दुहरा दी। उन्होंने कहा कि पटना विवि के शताब्दी समारोह के वक्त 14 अक्टूबर 2017 को तो प्रधानमंत्री ने मेरी बात खारिज कर दी। लेकिन अब उपराष्ट्रपति इसे आगे बढ़ा सकते हैं। नायडू ने इस मामले में प्रयास करने का भरोसा दिया।

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